पीपल्दा: शिलान्यास के 'शोर' में दबी किसानों की 'सिसकियाँ', कोलाना ने सरकार को दिखाया आईना।
By Shubh Bhaskar ·
05 Apr 2026 ·
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दैनिक शुभ भास्कर
संवाददाता सुरेश कुमार पटेरिया
पीपल्दा: शिलान्यास के 'शोर' में दबी किसानों की 'सिसकियाँ', कोलाना ने सरकार को दिखाया आईना।
ओलावृष्टि से फसलों और मकानों की तबाही पर आपदा प्रबंधन मंत्री को लिखा कड़ा पत्र; पुराने वादे याद दिलाकर पूछा- कब मिलेगा न्याय?।
कोटा/पीपल्दा विधानसभा क्षेत्र में कुदरत के कहर और प्रशासनिक अनदेखी को लेकर विधायक चेतन पटेल कोलाना ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। आपदा प्रबंधन मंत्री किरोड़ी लाल मीणा को लिखे एक तीखे पत्र में विधायक ने क्षेत्र के किसानों की बदहाली और ओलावृष्टि से हुए भारी नुकसान का मुद्दा प्रमुखता से उठाया है।
उत्सव के बीच कुदरत का प्रहार
विधायक कोलाना ने पत्र में उल्लेख किया कि बीती 4 अप्रैल 2026 को जब क्षेत्र में 'गोठड़ा पुलिया' के शिलान्यास का सरकारी कार्यक्रम चल रहा था, उसी समय प्रकृति ने अपना रौद्र रूप दिखाया। भारी ओलावृष्टि और अतिवृष्टि ने न केवल खड़ी फसलों को मिट्टी में मिला दिया, बल्कि कई ग्रामीणों के आशियाने भी छीन लिए। विधायक ने तंज कसते हुए कहा कि भाजपा जिस 256.46 करोड़ की परियोजना का श्रेय ले रही है, वह वास्तव में पिछली कांग्रेस सरकार की देन है।
"आश्वासनों से नहीं भरेगा किसान का पेट"
विधायक ने पत्र में बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि वर्ष 2025 में हुई अतिवृष्टि के समय भी किसानों को मुआवजे और फसल बीमा का झुनझुना थमाया गया था। विधानसभा से लेकर सड़क तक आंदोलन हुए, पत्र व्यवहार हुआ, लेकिन नतीजा सिफर रहा। उन्होंने मंत्री जी को उनके अपने शब्दों की गरिमा याद दिलाते हुए कहा, "अखबारों में खबरें छपीं, आपने आश्वासन भी दिया, लेकिन धरातल पर किसान को आज तक फूटी कौड़ी नहीं मिली।
विधायक की सरकार से सीधी मांगें:तत्काल सर्वे: प्रशासन को तुरंत निर्देशित कर ओलावृष्टि से हुए नुकसान का पारदर्शी सर्वे कराया जाए।
नकद मुआवजा: घायल ग्रामीणों और जिनके मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं, उन्हें फौरन आर्थिक सहायता दी जाए।
पुराना बकाया: वर्ष 2025 के फसल खराबे का मुआवजा और बीमा क्लेम बिना देरी के किसानों के खातों में डाला जाए।
कृषि महाविद्यालय की सौगात: क्षेत्र की जरूरत को देखते हुए पीपल्दा में कृषि महाविद्यालय की स्थापना की जाए।
"हम केवल शिलान्यास के पत्थर नहीं, बल्कि किसानों के हक की सुरक्षा चाहते हैं।
पीपल्दा की जनता अब और झूठे आश्वासनों को बर्दाश्त नहीं करेगी।"
— चेतन पटेल कोलाना, विधायक पीपल्दा