यूजीसी कानून के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचे एडवोकेट विष्णु शंकर जैन, अखिल भारत हिंदू महासभा ने किया कड़ा विरोध।
By Shubh Bhaskar ·
21 Jan 2026 ·
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यूजीसी कानून के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचे एडवोकेट विष्णु शंकर जैन,
अखिल भारत हिंदू महासभा ने किया कड़ा विरोध।
*नागपाल शर्मा माचाड़ी की रिपोर्ट*
(माचाड़ीअलवर):-हरियाणा-
महान हिंदूनिष्ठ एडवोकेट विष्णु शंकर जैन द्वारा यूजीसी गजट कानून के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर किए जाने पर अखिल भारत हिंदू महासभा के प्रदेश उपाध्यक्ष पंडित संजय हरियाणा ने इसका समर्थन करते हुए सरकार के इस कदम का कड़ा विरोध किया है। पंडित संजय हरियाणा ने संपूर्ण भारतवर्ष के ठाकुर,पंडित एवं वैश्य समाज से आह्वान किया है कि वे सड़कों पर उतरकर इस कानून का विरोध करें।
पंडित संजय हरियाणा ने कहा कि यह कानून भविष्य की पीढ़ियों के लिए घातक सिद्ध होगा।कॉलेज एवं विश्वविद्यालयों में उच्च वर्ग के छात्रों के अधिकारों पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। उन्होंने समाज से अनुरोध किया कि आने वाली पीढ़ियों के भविष्य को सुरक्षित रखने तथा अपनी संतानों से नजर मिलाने के लिए इस कानून का हर स्तर पर विरोध किया जाए। उन्होंने बताया कि एडवोकेट विष्णु शंकर जैन ने आज सुप्रीम कोर्ट में यूजीसी गजट के खिलाफ याचिका दायर की है, किंतु इस पर सुनवाई की तारीख दो महीने बाद की तय की गई है। पंडित संजय हरियाणा ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि जब अन्य मामलों में तुरंत सुनवाई हो जाती है, तब उच्च वर्ग के छात्रों से जुड़े इस गंभीर विषय को प्राथमिकता नहीं दी जा रही है। उन्होंने समाज से आग्रह किया कि वे अपने-अपने स्तर पर उचित मंचों पर इसका विरोध दर्ज कराएं।
पंडित संजय हरियाणा ने आरोप लगाया कि इस अध्यादेश के प्रमुख सूत्रधार स्वयं प्रधानमंत्री हैं, क्योंकि केंद्र सरकार के प्रत्येक बड़े निर्णय में उनकी सहमति होती है। उन्होंने कहा कि यूजीसी से जुड़े संसदीय विचार-विमर्श में भाजपा सांसदों का बहुमत था और रविशंकर प्रसाद जैसे वरिष्ठ विधिवेत्ता भी समिति में शामिल थे। समिति का अध्यक्ष जानबूझकर कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह को बनाया गया, ताकि भविष्य में विरोध की स्थिति में सवर्ण समाज का आक्रोश उन पर डाला जा सके।
उन्होंने कहा कि 13 जनवरी से यह नियम कक्षा 12 के ऊपर की सभी शैक्षिक संस्थाओं में लागू हो चुका है। बिना व्यापक सूचना दिए, रातों-रात लागू किया गया यह विभाजनकारी कानून समाज को बांटने वाला है। यह कानून जनता विरोधी और देश विरोधी है। ऐसे काले कानून को किसी भी कीमत पर लागू नहीं होने दिया जाएगा।
पंडित संजय हरियाणा ने स्पष्ट कहा कि समाज अपनी आने वाली पीढ़ियों को जेल की सलाखों के पीछे जाते हुए नहीं देख सकता। उन्होंने ऐलान किया कि इस कानून के खिलाफ व्यापक आंदोलन चलाया जाएगा और इसे इतिहास के पन्नों में काले कानून के रूप में दर्ज करवा कर ही दम लिया जाएगा।