ShubhBhaskar
SHUBHBHASKAR
E Paper

कथाओं के माध्यम से धर्म, भक्ति और त्याग की भावना जागृत होती है : संत मनोहरदास महाराज

By Shubh Bhaskar · 20 Dec 2025 · 218 views
कथाओं के माध्यम से धर्म, भक्ति और त्याग की भावना जागृत होती है : संत मनोहरदास महाराज

माली (सैनी) शिक्षा सेवा संस्थान छात्रावास में पांच दिवसीय नानी बाई मायरा व भामाशाह सम्मान समारोह का भव्य शुभारंभ

जोधपुर पीपाड़ सिटी। नवरतन ओझा।कस्बे के खेजड़ला रोड स्थित माली (सैनी) शिक्षा सेवा संस्थान छात्रावास परिसर में आयोजित हो रहे पांच दिवसीय नानी बाई मायरा एवं भामाशाह सम्मान समारोह का शुभारंभ अत्यंत श्रद्धा, उल्लास और पारंपरिक गरिमा के साथ हुआ। कार्यक्रम के पहले दिन धर्म, भक्ति और सामाजिक समर्पण का अद्भुत संगम देखने को मिला। समारोह की शुरुआत सब्जी मंडी परिसर से निकली भव्य कलश यात्रा से हुई। सैकड़ों महिलाएं रंग-बिरंगे पारंपरिक परिधानों में सजी-धजी, सिर पर कलश धारण कर गाजे-बाजे के साथ शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई कथा स्थल छात्रावास परिसर पहुंचीं। यात्रा के दौरान नगरवासियों ने जगह-जगह पुष्पवर्षा कर स्वागत किया, जिससे पूरा नगर भक्तिरस में सराबोर नजर आया। श्रद्धालुओं की अपार भीड़ और जयघोष से वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। प्रचार मंत्री केसाराम भाटी ने बताया कि कथा स्थल पर रामस्नेही परंपरा के संत मनोहरदास महाराज के श्रीमुख से संगीतमय और भावपूर्ण कथावाचन किया जा रहा है। प्रथम दिवस की कथा में मायरा महात्म्य, नरसीजी का जन्म, गोपेश्वर भगवान की लीला तथा कुमकुम पत्रिका लेखन जैसे प्रसंगों का प्रभावशाली वर्णन किया गया। संत मनोहरदास महाराज ने अपने उद्बोधन में कहा कि ऐसी कथाएं मानव जीवन को सही दिशा देती हैं और समाज में धर्म, भक्ति व त्याग की भावना को मजबूत करती हैं।

भामाशाहों का हुआ गरिमामय सम्मान

संस्था सचिव अशोक गहलोत ने जानकारी दी कि समारोह के प्रथम दिन छात्रावास निर्माण एवं समाजहित के कार्यों में सहयोग देने वाले लगभग 50 भामाशाहों को सम्मानित किया गया। सम्मान के दौरान नगर पालिका अध्यक्ष समू देवी सांखला, रिदाराम टाक, जीवराज मारोटिया सहित अनेक भामाशाहों को प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर उनके योगदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई।
संस्थान अध्यक्ष सुरेंद्र टाक ने अपने संबोधन में बताया कि यह धार्मिक एवं सामाजिक आयोजन लगातार चार दिनों तक प्रातः 11 बजे से सायं 4 बजे तक आयोजित किया जाएगा। उन्होंने समाज के सभी भामाशाहों, प्रबुद्धजनों एवं आमजन से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर कार्यक्रम की शोभा बढ़ाने और समाजिक एकता को सुदृढ़ करने की अपील की। यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बना, बल्कि समाज में शिक्षा, सहयोग और सेवा की भावना को भी नई ऊर्जा प्रदान करता नजर आया। कार्यक्रम में उपाध्यक्ष सोहनलाल कच्छावाह, कोषाध्यक्ष रामकिशोर गहलोत, संगठन मंत्री रामस्वरूप टाक, पूर्व अध्यक्ष बाबूलाल सांखला, गोबरसिंह कच्छावाह,बाबूलाल टाक, श्यामलाल सांखला, तेजाराम टाक मुकनाराम गहलोत, नरेश सांखला सहित समाज के अनेक गणमान्य नागरिक, महिलाएं, युवा तथा छात्रावास व सब्जी मंडी समिति के सदस्य बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन माधुसिंह कच्छावाह ने किया।

More News

Share News

WhatsApp

X

Facebook

Telegram

Instagram

YouTube