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सावधान! डिलीवरी एजेंट का एक फोन कॉल खाली कर सकता है आपका बैंक खाता

By Shubh Bhaskar · 07 Jan 2026 · 15 views
सावधान! डिलीवरी एजेंट का एक फोन कॉल खाली कर सकता है आपका बैंक खाता
राजस्थान पुलिस ने जारी की ‘USSD स्कैम’ को लेकर एडवाइजरी।

• डिलीवरी एजेंट बन कॉल फॉरवर्डिंग के जरिए साइबर ठगी को अंजाम दे रहे हैं अपराधी।

*नागपाल शर्मा माचाड़ी की रिपोर्ट*

(माचाड़ीअलवर):- जयपुर-
राजस्थान पुलिस की साइबर क्राइम थ्रेट एनालिटिक्स यूनिट ने साइबर ठगी के एक नए और बेहद खतरनाक तरीके USSD आधारित कॉल फॉरवर्डिंग स्कैम का खुलासा करते हुए आमजन के लिए चेतावनी जारी की है। महानिदेशक पुलिस (साइबर क्राइम) के मार्गदर्शन में जारी इस एडवाइजरी में बताया गया है कि किस प्रकार ठग डिलीवरी एजेंट बनकर लोगों की डिजिटल पहचान और बैंक खातों पर सेंध लगा रहे हैं।
क्या है USSD स्कैम और कैसे फंसाते हैं अपराधी
उपमहानिरीक्षक पुलिस (साइबर क्राइम) विकास शर्मा ने बताया कि इस नए साइबर फ्रॉड में अपराधी खुद को कूरियर या डिलीवरी सर्विस एजेंट बताकर नागरिकों को कॉल करते हैं। पार्सल डिलीवरी कन्फर्म करने या री-शेड्यूल करने का झांसा देकर पीड़ित को भरोसे में लिया जाता है।
इसके बाद एसएमएस के माध्यम से एक कोड भेजा जाता है, जो आमतौर पर ‘21’, ‘61’ या ‘67’ से शुरू होता है और उसके पीछे ठग का मोबाइल नंबर जुड़ा होता है। पीड़ित पर इस कोड को डायल करने का दबाव बनाया जाता है, जिसे USSD (Unstructured Supplementary Service Data) कहा जाता है।
कॉल फॉरवर्ड होते ही ठगों तक पहुंच जाते हैं बैंक ओटीपी
जैसे ही पीड़ित यह कोड डायल करता है, उसके मोबाइल की कॉल फॉरवर्डिंग सेवा स्वतः सक्रिय हो जाती है। इसके बाद पीड़ित के फोन पर आने वाली बैंक ओटीपी कॉल, पेमेंट वेरिफिकेशन कॉल, और यहां तक कि व्हाट्सएप व टेलीग्राम के ऑथेंटिकेशन कॉल भी सीधे ठग के नंबर पर पहुंच जाते हैं।
इसका फायदा उठाकर अपराधी बैंक खातों से अवैध लेनदेन करते हैं और सोशल मीडिया अकाउंट्स को भी हैक कर लेते हैं।
सुरक्षा के अचूक उपाय: तुरंत ##002# करें डायल
साइबर क्राइम शाखा ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉलर के कहने पर कोई भी कोड डायल न करें। यदि संदेह हो कि मोबाइल कॉल फॉरवर्ड हो रही है, तो तुरंत ##002# डायल करें, जिससे सभी कॉल फॉरवर्डिंग सेवाएं बंद हो जाएंगी।
साथ ही, किसी भी कूरियर या पार्सल की जानकारी केवल आधिकारिक वेबसाइट या कस्टमर केयर नंबर से ही सत्यापित करें और संदिग्ध एसएमएस या व्हाट्सएप लिंक पर क्लिक करने से बचें।
धोखाधड़ी होने पर तुरंत यहां करें शिकायत
डीआईजी विकास शर्मा ने बताया कि बैंक और साइबर सुरक्षा से जुड़े जागरूकता संदेशों को गंभीरता से लें। यदि कोई व्यक्ति इस प्रकार की ठगी का शिकार होता है, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें।
इसके अलावा www.cybercrime.gov.in पोर्टल या राजस्थान पुलिस के व्हाट्सएप हेल्पलाइन नंबर 9256001930 एवं 9257510100 पर शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।

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