लाखों गौ रक्षक होने के बावजूद गौ माताओं की सेवा पर सवाल।
By Shubh Bhaskar ·
04 Jan 2026 ·
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लाखों गौ रक्षक होने के बावजूद गौ माताओं की सेवा पर सवाल।
*नागपाल शर्मा माचाड़ी की रिपोर्ट*
(माचाड़ीअलवर):-आगरा- भारत देश के लगभग हर जिले में लाखों की संख्या में गौ रक्षक होने के बावजूद गौ माताओं की स्थिति आज भी चिंताजनक बनी हुई है। इस गंभीर विषय को लेकर ब्रजवासी गौ रक्षक सेना भारत संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष गौ पुत्र धर्म दास महाराज ने देशवासियों के सामने एक कड़वा सच रखा।
उन्होंने कहा कि भारत सनातन धर्म की भूमि है और यहां रहने वाला हर व्यक्ति संतों की संतान है, लेकिन आज का मनुष्य केवल नाम का सनातनी बनकर रह गया है। यही कारण है कि देश के आठ राज्यों में हिंदुओं को अल्पसंख्यक का दर्जा दिया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यही स्थिति बनी रही तो आने वाले समय में भारत स्वयं अल्पसंख्यकों का देश बन सकता है, जिसके लिए स्वयं सनातनी हिंदू जिम्मेदार होंगे।
धर्म दास महाराज ने सामाजिक चेतना पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि आज हिंदू समाज तब तक नहीं जागता, जब तक अन्य की बहन-बेटियों के साथ अन्याय होता है। जब हर नारी को अपनी बहन-बेटी नहीं समझा जाएगा, तब तक समाज सुरक्षित नहीं हो सकता।
*गौ माता के विषय में* उन्होंने कहा कि गौ माता सम्पूर्ण विश्व की माता हैं, लेकिन आज उन्हें पालने वाले ही उन्हें केवल कमाई का साधन समझ रहे हैं। दूध निकालने के बाद गौ माता को छोड़ देना या उन्हें बेच देना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
गौ रक्षकों की भूमिका पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि मात्र 10 प्रतिशत गौ रक्षक ही निस्वार्थ भाव से गौ सेवा कर रहे हैं, जबकि शेष 90 प्रतिशत केवल नाम के लिए गौ रक्षक बने हुए हैं। उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि हाल ही में मथुरा में शराब की दुकानों के विरोध में खड़े हुए सनातनी युवकों को जेल भेज दिया गया, जबकि लाखों गौ रक्षक होने के बावजूद कोई ठोस समर्थन सामने नहीं आया।
इसी क्रम में उन्होंने नागपुर की घटना का उल्लेख करते हुए बताया कि वहां एक गौ रक्षक की हत्या कर दी गई और तीन अन्य घायल हो गए, जिनका उपचार चल रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सच्चे गौ रक्षकों पर झूठे मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं, जो अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
धर्म दास महाराज ने बताया कि जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी, करपात्री महाराज के संकल्प को आगे बढ़ाते हुए अनेक संत और गौ सेवक—जिनमें गौ पुत्र प्रकाश दास महाराज, कम्प्यूटर बाबा, पवन दुबे,राजू दास महाराज, रामदास महाराज,हरिदास महाराज,माधव सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सोनी माधव,मोनू मानेशर,दक्ष चौधरी,डॉ सुरेश चंद शर्मा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, प्रदेश मीडिया प्रभारी नागपाल शर्मा माचाड़ी, प्रदेश सचिव सुरेश पुजारी, गो सांसद केदारनाथ शर्मा, पंडित अजय शर्मा सहित कई प्रमुख नाम शामिल हैं—दिन-रात गौ माता को राष्ट्र माता घोषित कराने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। इस अभियान में प्रसिद्ध कथावाचक धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री भी जुड़े हुए हैं।
उन्होंने कहा कि जब देश के हर जिले में लाखों गौ रक्षक मौजूद हैं, फिर भी गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा नहीं मिलना गंभीर चिंतन का विषय है।
अंत में उन्होंने जानकारी दी कि 27 अप्रैल को “गौ सम्मान दिवस” पूरे भारत में धूमधाम से मनाया जाएगा और सभी भारतवासियों से गौ माता के सम्मान व संरक्षण के लिए जागरूक होने की अपील की।