पत्रकारिता: साधना या तमाशा? — बदलते दौर में मीडिया की भूमिका पर उठते सवाल।
By Shubh Bhaskar ·
08 Feb 2026 ·
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शीर्षक: पत्रकारिता: साधना या तमाशा? — बदलते दौर में मीडिया की भूमिका पर उठते सवाल।
*नागपाल शर्मा माचाड़ी की रिपोर्ट*
(माचाड़ीअलवर):-जयपुर- पत्रकार साथी कृष्ण आसेरी ने व्हाट्सएप के द्वारा जानकारी देते हुए बताया कि पत्रकारिता को लोकतंत्र का चौथा स्तंभ माना जाता है, जिसका मूल उद्देश्य समाज को सत्य,निष्पक्ष और तथ्यात्मक जानकारी उपलब्ध कराना है। लेकिन बदलते डिजिटल दौर में पत्रकारिता की गरिमा और जिम्मेदारियों पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। आज जहां पत्रकारिता को एक कठिन साधना और जिम्मेदारी का प्रतीक माना जाता था, वहीं वर्तमान समय में यह कई जगह स्वार्थ और सनसनी की दौड़ में भटकती नजर आ रही है।
सोशल मीडिया और मोबाइल तकनीक के विस्तार ने सूचना के प्रसार को आसान जरूर बनाया है, लेकिन इसके साथ ही बिना सत्यापन के खबरें प्रसारित करने की प्रवृत्ति भी बढ़ी है। फेसबुक, इंस्टाग्राम और अन्य प्लेटफॉर्म पर ‘लाइक’ और ‘व्यूज’ की होड़ में कई लोग बिना शोध और प्रमाण के खबरें प्रसारित कर रहे हैं, जिससे पत्रकारिता की विश्वसनीयता प्रभावित हो रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि पत्रकारिता में मौलिकता और शोध का अत्यधिक महत्व होता है, लेकिन वर्तमान समय में कई लोग दूसरों की सामग्री का उपयोग कर स्वयं को पत्रकार के रूप में प्रस्तुत कर रहे हैं। इसे विचारों की चोरी और पेशे की मर्यादा के खिलाफ माना जा रहा है। ऐसी प्रवृत्तियां न केवल पत्रकारिता की साख को नुकसान पहुंचाती हैं बल्कि समाज में भ्रम और अविश्वास भी पैदा करती हैं।
आज कई स्थानों पर पत्रकारिता के नाम पर केवल सनसनी और शोर देखने को मिल रहा है, जबकि असली पत्रकारिता का उद्देश्य प्रशासन को जागरूक करना और समाज के अंतिम व्यक्ति की आवाज को सामने लाना है। समाज और लोकतंत्र की मजबूती के लिए पत्रकारिता का निष्पक्ष और जिम्मेदार होना बेहद आवश्यक है।
वरिष्ठ पत्रकारों और बुद्धिजीवियों का कहना है कि पत्रकारिता को बाजारवाद से बचाने की जरूरत है। सत्य, ईमानदारी और निष्पक्षता ही पत्रकारिता की असली पहचान है। जब पत्रकारिता अपने मूल मूल्यों पर कायम रहती है, तभी समाज में न्याय और परिवर्तन की मजबूत नींव रखी जा सकती है।
समाज में जागरूकता फैलाने और लोकतंत्र को मजबूत बनाने के लिए आवश्यक है कि पत्रकारिता अपनी गरिमा बनाए रखे और सत्य की राह पर चलते हुए जनता के हितों की रक्षा करे।