समावेशी और सशक्त भारत के निर्माण में जनसेवा हो सदैव सर्वोच्च प्राथमिकता : वी. श्रीनिवास, मुख्य सचिव
By Shubh Bhaskar ·
17 Feb 2026 ·
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समावेशी और सशक्त भारत के निर्माण में जनसेवा हो सदैव सर्वोच्च प्राथमिकता : वी. श्रीनिवास, मुख्य सचिव
सुनील कुमार मिश्रा बद्री दैनिक शुभ भास्कर जयपुर,राजस्थान के मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास से हायर एजुकेशन एक्सप्रेस राजस्थान के संस्थापक अध्यक्ष एवं उच्च शिक्षा-जनसंपर्क विशेषज्ञ विक्रम राठौड़ ने शिष्टाचार भेंटवार्ता की एवं मुख्य सचिव नियुक्त होने की शुभकामानाएं प्रदान की। इस अवसर पर श्री राठौड़ ने मुख्य सचिव से जनसंपर्क क्षेत्र के वर्तमान परिदृश्य तथा जनसंपर्क क्षेत्र में नवाचार, प्रशासनिक सुधारों एवं जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के विषय पर मुख्य सचिव से विस्तृत चर्चा की। इस अवसर पर श्री राठौड़ ने जनसंपर्क क्षेत्र में नवाचारों को प्रोत्साहित करने तथा सरकार और आमजन में समन्वय के माध्यम से योजनाओं एवं प्रशासनिक नीतियों की जानकारी प्रभावी ढंग से पहुँचाने पर मुख्य सचिव के साथ विचार-विमर्श भी किया। इस अवसर पर उन्होंने श्री वी श्रीनिवास के साथ पाली जिला कलेक्टर के रूप में उनके कार्यकाल के अनुभव भी साझा किया।
चर्चा के दौरान विक्रम राठौड़ ने मुख्य सचिव वी श्री निवास की उपलब्धियों पर प्रकाश ड़ालते हुए कहा कि राजस्थान के मुख्य सचिव के रूप में श्री वी श्रीनिवास ने कुशल प्रबंधन के साथ कार्य करते हुए प्रशासनिक दक्षता, पारदर्शिता और जनसेवा को सदैव सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान की है। बेहतरीन प्रशासनिक समन्वय के साथ मुख्य सचिव के रूप में सुशासन, विकासोन्मुख प्रशासन और जनहित को केंद्र में रखते हुए प्रशासनिक नीतियों एवं जनहित कार्यक्रमों का सफल क्रियान्वयन एवं प्रशासन को जनोन्मुख बनाया है।
इस अवसर पर मुख्य सचिव श्री वी श्रीनिवास ने कहा कि प्रशासन में सुशासन के साथ पारदर्शिता, जवाबदेही एवं त्वरित सेवा वितरण को प्राथमिकता दिया जाना आवश्यक है। समावेशी, आत्मनिर्भर और सशक्त भारत के निर्माण के लिए नीति-निर्माण में आमजन की जनभागीदारी, तकनीकी नवाचार तथा सतत विकास को विशेष महत्व दिया जाना चाहिए। जनकल्याण की सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ समाज के अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचा कर हम लोकतंत्र को सुदृढ़ कर सकते है। उच्च शिक्षा विशेषज्ञ विक्रम राठौड़ ने मुख्य सचिव से चर्चा करते हुए कहा कि आमजन के मध्य प्रभावी संवाद स्थापित करने में जनसंपर्क की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। जनसंपर्क न केवल शासन की योजनाओं, नीतियों एवं कार्यक्रमों की जानकारी जनता तक पहुँचाने का सशक्त माध्यम है, बल्कि यह जनता की अपेक्षाओं, सुझावों और समस्याओं को शासन-प्रशासन तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वाह भी करता है।